भोपाल में बनेगा 733 मीटर लंबा रेलवे ओवबर ब्रिज
भोपाल । भोपाल के सबसे बड़े फ्लाईओवर की सौगात के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक और सौगात दी है। मोहन कैबिनेट ने बावडिय़ां कलां अपोलो सेज अस्पताल से नर्मदापुरम रोड आशिमा मॉल तक 733 मीटर लंबे रेलवे ओवर ब्रिज (आरओबी) को स्वीकृति दी है। इसके साथ ही 310 मीटर एप्रोच रोड का निर्माण किया जाएगा। लोक निर्माण विभाग के आरओबी और एप्रोच रोड के लिए कैबिनेट ने 180 करोड़ रुपए की स्वीकृति अतिरिक्त बीओएस की सीमा अंतर्गत दी गई है।
इस ब्रिज के बनने से होशंगाबाद रोड से आने वाले लोगों के लिए मिसरोद से सलैया, रोहित नगर, कोलार तक सीधी एप्रोच होगी। इससे करीब चार लाख की आबादी को सीधा फायदा होगा। इस ब्रिज के बनने से अभी दाना पानी रेस्टारेंट के पास ब्रिज के पास लगने वाले जाम से भी लोगों को राहत मिलेगी। इसके बनने के बाद कोलार से बावडिय़ां कलां आकर सीधे आरओबी के उपयोग से आशिमा मॉल के पास नर्मदापुरम पहुंच जाएंगे। इससे रेलवे लाइन के दोनों तरह के क्षेत्र आपस में जुड़ जाएंगे।
बता दें एक दिन पहले ही मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने डॉ. भीमराव अंबेडकर फ्लाईओवर को लोकार्पण पर बावडिय़ां कलां से नर्मदापुरम तक रेलवे ओवर ब्रिज निर्माण को स्वीकृति देने की घोषणा की थी। मुख्यमंत्री ने बावडिय़ां कलां में लगने वाले जाम का भी जिक्र किया था। नर्मदापुरम रोड से रोहित नगर, सैलया और कोलार की तरफ आने-जाने वाली जनता को रोजाना जाम का सामना करना पड़ता है। इस क्षेत्र में लंबे समय से एक नए ब्रिज की मांग की जा रही थी। इसका मुद्दा कई बार उठा और मुख्यमंत्री के घोषणा करने के बाद जनता को उम्मीद है कि डेढ़ से दो साल में जाम की समस्या से निजात मिलेगी।

प्रफुल्ल पटेल और तटकरे पर लगे आरोपों को पार्थ पवार ने बताया बेबुनियाद
वोटर लिस्ट विवाद: मालदा में न्यायिक अधिकारियों पर बंधक बनाकर विरोध प्रदर्शन
बंगाल में शाह का दावा: ममता सरकार की विदाई तय
सत्र 2026-27 से लागू होगा नया CBSE सिलेबस, छात्रों को करना होगा ध्यान
जमीन विवाद के बीच बना सरकारी भवन, अब उपयोग पर उठे सवाल
भर्ती प्रक्रिया निरस्त: हाई कोर्ट बोला- फिर से जारी करें प्लाटून कमांडर का विज्ञापन
सीधे संपर्क का मामला, HC ने पूछा- क्यों न हो कार्रवाई?
डॉ. मोहन यादव का बड़ा हमला: ममता बनर्जी अब ‘दीदी’ नहीं, ‘अप्पी
कोर्ट ने शराब घोटाला मामले में फैसला सुरक्षित रखते हुए सुनवाई पूरी की