-सलामतपुर पुलिस ने ट्रक ज़ब्त कर मामला किया दर्ज

अदनान खान सलामतपुर रायसेन। (एडिटर इन चीफ IND28 हर खबर पर पैनी नज़र)

बीती देर रात लगभग 3 बजे कस्बे में पेट्रोलिंग कर रही थाना सलामतपुर की डायल 112 एफआरबी को भूसे से भरे ट्रक ने टक्कर मार दी। टक्कर से डायल 112 का पायलट घायल हो गया और गाड़ी भी ड्रायवर तरफ से छतिग्रस्त हो गई। पुलिस ने भूसे का ट्रक ज़ब्त कर ड्रायवर के विरुद्ध धारा 281, 125(ए) का मामला दर्ज कर जांच में लिया है। पुलिस से मिली जानकारी अनुसार थाने की डायल 112 एफआरबी एमपी04 वाईक्यू 0865 गुरुवार देर रात लगभग 3 बजे कस्बे में पेट्रोलिंग कर रही थी। रेलवे ओवरब्रिज से पहले सागर से इंदौर भूसा लेकर जा रहे आयशर ट्रक एमएच18 एए 8248 के चालक ने तेज़ व लापरवाही से चलाते हुए डायल 112 में टक्कर मार दी। जिसकी वजह से पायलट ज़हूर खान पिता शकूर खान निवासी वार्ड 17 घटोर मोहल्ला रायसेन को चोटें आ गईं। जिसका प्राथमिक उपचार सांची सिविल अस्पताल में किया गया। वो तो गनीमत रही कि बड़ी अनहोनी होने से बच गई।

प्रतिबंध होने के बाद भी बड़े स्तर पर हो रहा है भूसा परिवहन,ज़िम्मेदार नही दे रहे ध्यान--परिवहन विभाग की अनदेखी के कारण रायसेन जिले के भोपाल विदिशा हाईवे 18 पर ओवरलोड भूसे के ट्रक, डंपर, ट्रैक्टर ट्रॉली आदि वाहन सड़क पर सरपट दौड़ते हुए दुर्घटनाओं को न्यौता दे रहे हैं। वहीं पुलिस एवं परिवहन विभाग के अधिकारियों द्वारा इनके खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं करने से वाहन चालकों के हौसले बुलंद हैं। हद तो तब हो जाती है जब भूसे से भरे ओवरलोड ट्रक और ट्रैक्टर ट्राली पर ही लोग बैठे हुए नजर आते हैं जो हादसों को दावत दे रहे हैं। इस दौरान अगर कोई व्यक्ति बिजली की हाईटेंशन लाइट की चपेट में आ जाए तो एक बड़ा हादसा हो सकता है।जानकारी के अनुसार रायसेन जिले के भोपाल विदिशा हाईवे सलामतपुर थाने के बेरखेड़ी चौराहा, दीवानगंज में रोजाना सैकडों ट्रक, डंपर व ट्रैक्टर ट्रॉलियां क्षमता से अधिक मात्रा में भूसा भरकर ले जाते हैं। ओवरलोड वाहनों से हाईवे पर आए दिन लोग दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं। लेकिन विभाग इन ओवरलोड वाहनों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रहा हैं।

क्षेत्र में भूसे का रकबा हो रहा है कम---भोपाल विदिशा हाईवे 18 से रोजाना दर्जनों भूसे से भरे डंपर निकल रहे हैं, जिससे न केवल भूसा संकट बढ़ने की आशंका है, बल्कि हादसों की भी आशंका बनी हुई है। एक ओर क्षेत्र में पिछले दो साल से किसान दलहनी फसलों की पैदावार कर रहे हैं, जिससे भूसे का रकबा कम हो रहा है तो वहीं पशु पालकों 800 से 1000 रुपए प्रति क्विंटल दर पर भूसा खरीदना पड़ रहा है। बारिश के दिनों में पशु पालकों भूसा और दाम दोनों की मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा था। भूसा परिवहन पर रोक नहीं होने के कारण प्रतिदिन दर्जनों ट्रक भूसा जिले से बाहर जा रहे हैं। इससे भूसा का संकट लगातार बढ़ रहा है। हार्वेस्टिंग के माध्यम से कटी फसल का भूसा मशीनों से बनाया जा रहा है। इसे खेत से ही खरीद कर बाहर के व्यापारी ले जा रहे है। पशु पालक राकेश मीणा, शैतान मीणा, सुमित और सर्जन पाल ने बताया कि सीजन के बाद बारिश में भूसा के दाम मे 1 हजार रुपए क्विंटल तक पहुंच गए थे। इससे पालकों के सामने समस्या खड़ी हो जाती है।

पशु चारा-भूसा के निर्यात पर लगा है प्रतिबंधित--जिले में पशु चारा एवं भूसा की कमी की आशंका को दृष्टिगत रखते हुए पशुओं को पर्याप्त मात्रा में चारा-भूसा की आपूर्ति बनाए रखने हेतु जिला दण्डाधिकारी अरूण कुमार विश्वकर्मा के निर्देशानुसार 16 मार्च को  तत्काल प्रभाव से जिले से अन्य राज्यों में पशु चारे-भूसा का निर्यात प्रतिबंधित किया गया है। जारी आदेश के तहत पशु आहार में आने वाले सभी प्रकार के चारे, भूसा, घास, कड़वी ज्वार के डंठल, पैरा धान के डंठल आदि का जिले से अन्य राज्यों में निर्यात, उद्योगों एवं ईट के भट्टे में जलाने को मप्र चारा निर्यात नियंत्रण आदेश 2000 में निहित प्रावधानों के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए तत्काल प्रभाव से 30 जून 2026 तक प्रतिबंधित किया गया है।

इनका कहना है।

देर रात 3 बजे के लगभग कस्बे में पेट्रोलिंग कर रही थाना एफआरबी डायल 112 को भूसे से भरे ट्रक ने टक्कर मार दी। पायलेट को चोटें आईं हैं। ट्रक ज़ब्त कर ड्रायवर के विरुद्ध मामला दर्ज किया है।

दिनेश सिंह रघुवंशी, थाना प्रभारी सलामतपुर।

न्यूज़ सोर्स : अदनान खान एडिटर इन चीफ IND28