अदनान खान सलामतपुर रायसेन। (एडिटर इन चीफ IND28 हर खबर पर पैनी नज़र)

भोपाल-विदिशा स्टेट हाईवे 18 पर गुरुवार सुबह एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। जानकारी के अनुसार, सुबह करीब 4 बजे दीवानगंज की पुरानी चौकी के सामने सड़क पर अचानक आई गाय को बचाने के चक्कर में एक कार एमपी16 सीबी 7907 अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतर गई और खेत में पेड़ से जा टकराई। कार में छतरपुर निवासी चाचा-भतीजा सवार थे, जो इंदौर से छतरपुर लौट रहे थे। हादसे में कार के एयरबैग खुलने से दोनों की जान बच गई और उन्हें कोई गंभीर चोट नहीं आई। हादसे के बाद मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। गनीमत रही कि हादसा सुबह के समय हुआ, जब सड़क पर यातायात कम था, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था। गौरतलब है कि भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे 18 पर भानपुर भोपाल से लेकर त्रिमूर्ति चौराहे तक मवेशियों का जमावड़ा लगा रहता है। जिसकी वजह से आए दिन हाइवे पर दुर्घटनाएं हो रही हैं और लोग अपने हाथ पैर तुड़वाने रहे हैं। और कई लोगों की जान भी जा चुकी है। जिम्मेदार अधिकारी इस समस्या के समाधान के लिए कोई भी उपाय नही कर रहे हैं। इसी लिए समस्या ज्यों के त्यों बनी हुई है।

मवेशियों के कारण आए दिन भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे 18 पर हो रहे हैं हादसे--हाइवे 18 और एनएच 146 पर मवेशी बालमपुर घाटी से लेकर भदभदा, देहरी, दीवानगंज, कुल्हाड़िया, बेरखेड़ी चौराहा, सलामतपुर, त्रिमूर्ति चौराहा, ढकना चौराहा सहित आमखेड़ा पर बड़ी संख्या में बैठे रहते हैं। रात के समय दिखाई नही देने पर सड़क हादसे हो रहे हैं। जिसमें मोटरसाइकिल सवार भी घायल हो रहे हैं। जबकि कुछ समय पहले ही प्रदेश सरकार ने इस मामले में संज्ञान लिया था। और इसी मामले पर मध्य प्रदेश शासन में राज्यमंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने भी कहा था कि पशुपालक अपने गाय पशुओं को खुला छोड़ देते हैं, जिससे सड़क पर आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं। और गौ माताऔं की मौत हो जाती है। ‌इसे लेकर सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि ग्राम पंचायतों के माध्यम से डोंडी पिटवाकर लोगों को सूचित करें कि गौ माता की रक्षा करना हमारा प्रथम कर्तव्य है। इसलिए उन्हें खुला ना छोड़े, अगर फिर भी किसी ने खुला छोड़ा और पशुओं के कारण सड़क पर दुर्घटनाएं होती हैं तो संबंधित पशुपालकों पर कार्रवाई होगी। आदेश के बाद भी मवेशी सड़कों पर ही बैठे हैं। और हादसों का शिकार हो रहे हैं। 

प्रतिदिन हाइवे से निकलती हैं लगभग 100 बसें---भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे 18 पर यातायात का अत्यधिक दबाब रहता है। यहां से प्रतिदिन लगभग सौ बसें निकलती हैं जो विदिशा, रीवा, टीकमगढ़, छतरपुर, सागर ,बीना ललितपुर , झाँसी  से इंदौर जाने वाली चार्टेड बसें तो अंधी रफ़्तार से चलती ही हैं। इसके साथ ही भोपाल से विदिशा चलने वाली बसें, डम्फर ईंट, ढोने बाली 407 , डीजल टेंकर अंधी रफ़्तार से चलते हैं। जिससे इस मार्ग पर आए दिन दुर्घटनाए होती रहती हैं। और यातायात विभाग इन वाहनों से सिर्फ चौध वसूली कर अपनी डियूटी पूरी कर लेता है। शासन प्रशासन को शीघ्र इस और ध्यान देकर समस्या का समाधान करना चाहिए।

इनका कहना है।

भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे 18 पर बैठे हुए मवेशियों के कर आए दिन हादसे हो रहे हैं। इस सड़क मार्ग को 4 लेन करने से हादसों में कमी आ सकती है। में शासन प्रशासन से समस्या के समाधान करने की मांग करता हूं।

रघुवीर सिंह मीणा, सरपंच ग्राम पंचायत रातातलाई। 

 स्थानीय ग्रामीणों ने कई बार शिकायत के माध्यम से ज़िम्मेदार अफसरों को इस समस्या से अवगत कराया है। लेकिन समस्या का समाधान कई वर्ष बीतने के बाद भी संभव नही हो सका है। और भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे 18 के बालमपुर घाटी, भदभदा, सूखी सेवनिया, दीवानगंज, कुल्हाड़िया, बेरखेड़ी चौराहा, सलामतपुर और त्रिमूर्ति चौराहे पर बड़ी संख्या में मवेशी बेठे रहते हैं।

कैलाश गोस्वामी, समाजसेवी रातातलाई सलामतपुर।

न्यूज़ सोर्स : अदनान खान एडिटर इन चीफ IND28