हाइवे 18 पर बैठे मवेशियों से टकराकर बाइक सवार घायल, गंभीर हालत में सांची अस्पताल रेफर
-भोपाल विदिशा हाइवे पर देर रात की घटना
-डायल हंड्रेड की मदद से सलामतपुर पुलिस ने घायल को समय रहते अस्पताल में किया भर्ती
अदनान खान सलामतपुर रायसेन। (एडिटर इन चीफ IND28 हर खबर पर पैनी नज़र)
हाइवे पर बैठे मवेशियों के कारण आए दिन गंभीर हादसे हो रहे हैं। ऐसा ही एक मामला गुरुवार शुक्रवार की देर रात नेशनल हाइवे पर सामने आया जहां पर एक मोटरसाइकिल चालक युवक सड़क पर बैठे मवेशियों से टकराकर गंभीर रूप से घायल हो गया। वो तो गनीमत रही कि सलामतपुर पुलिस की डायल हंड्रेड ने समय रहते युवक को सांची सिविल अस्पताल में भर्ती करा दिया। जिससे युवक की जान बच गई। वरना युवक की मौत भी हो सकती थी। थाने से मिली जानकारी अनुसार भोपाल विदिशा हाइवे 18 पर बीती देर रात स्टार होटल के सामने सड़क पर बैठे मवेशियों से मोटरसाइकिल एमपी40 जेडीसी 6475 के चालक भूरेलाल पिता लखपत सिंह टकराकर गिर गए। और गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना की जानकारी मिलते ही हंड्रेड डायल तत्काल मौके पर पहुंची और भूरेलाल को सांची सिविल अस्पताल में भर्ती करा दिया। जहां उसका उपचार चल रहा है। वहीं परिजनों ने सलामतपुर पुलिस का आभार व्यक्त किया है कि उनकी तत्परता के चलते घायल को समय से ईलाज मिल सका।
8 सितंबर को एनएच 146 पग्नेश्वर सड़क पर बैठे मवेशियों को बचाने के चक्कर में पलटा था यूरिया से भरा ट्रक---ऐसा ही एक मामला 8 सितंबर रविवार को भी देखने को मिला था। जहां एक ट्रक मंडीदीप से यूरिया खाद लेकर विदिशा जा रहा था तभी एनएच 146 पग्नेश्वर के पास सड़क पर बैठे हुए मवेशियों को बचाने के चक्कर में ट्रक चालक ने टर्न लिया जिससे ट्रक की कमानी टूट गई और ट्रक अनियंत्रित होकर झोल खाकर पलट गया। हालांकि इस हादसे में ड्राइवर क्लीनर ने कूदकर अपनी जान बचा ली थी। इसलिए उन्हें कोई चोट नहीं आई है। वहीं दूसरे ट्रक में यूरिया खाद भर कर ट्रक को खाली किया गया। और क्रेन मशीन की मदद से ट्रक को सीधा किया गया था।
6 सितंबर को मवेशी से टकरा कर हुई थी 1 युवक की मौत--6 सितंबर को चार दोस्त घर से पार्टी मनाने बेरखेड़ी चौराहा आए थे। ये चार दोस्त एक ही मोटरसाइकिल एमपी40 ज़ेडसी 3496 पर सवार थे। वापस घर जाते समय हलाली डेम के रास्ते में सड़क पर बैठे मवेशी से मोटरसाइकिल टकरा गई थी। जिसकी वजह से मोटरसाइकिल चला रहे करण राउत आदिवासी पिता जालम सिंह आदिवासी उम्र 22 वर्ष निवासी पिपरिया अजित करारिया जिला विदिशा को 108 एम्बुलेंस से सांची अस्पताल ले जाते समय रास्ते में मौत हो गई। वहीं मोटरसाइकिल पर बैठे तीन अन्य युवक मोहित, आकाश और विकास घायल हो गए। जिनका उपचार सांची के सिविल अस्पताल में हुआ था। वहीं मुक्तापुर गांव के सामने सिंगरौली से लोहे का कबाड़ लेकर इंदौर जा रहा 18 पहियों वाला ट्राला भोपाल विदिशा स्टेट हाईवे 18 स्थित मुक्तापुर में देर रात 3 बजे भोपाल की ओर से आ रही एक कार और सड़क पर बैठे मवेशियों को बचाने के चक्कर में रोड से नीचे उतरकर 10 फीट गहरी पानी से भरी हुई खंती में जाकर पलट गया था।
मवेशियों के कारण आए दिन भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे 18 पर हो रहे हैं हादसे--हाइवे 18 और एनएच 146 पर मवेशी बालमपुर घाटी से लेकर भदभदा, देहरी, दीवानगंज, कुल्हाड़िया, बेरखेड़ी चौराहा, सलामतपुर, त्रिमूर्ति चौराहा, ढकना चौराहा सहित आमखेड़ा पर बड़ी संख्या में बैठे रहते हैं। रात के समय दिखाई नही देने पर सड़क हादसे हो रहे हैं। जिसमें मोटरसाइकिल सवार भी घायल हो रहे हैं। जबकि कुछ समय पहले ही प्रदेश सरकार ने इस मामले में संज्ञान लिया था। और इसी मामले पर मध्य प्रदेश शासन में राज्यमंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने भी कहा था कि पशुपालक अपने गाय पशुओं को खुला छोड़ देते हैं, जिससे सड़क पर आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं। और गौ माताऔं की मौत हो जाती है। इसे लेकर सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि ग्राम पंचायतों के माध्यम से डोंडी पिटवाकर लोगों को सूचित करें कि गौ माता की रक्षा करना हमारा प्रथम कर्तव्य है। इसलिए उन्हें खुला ना छोड़े, अगर फिर भी किसी ने खुला छोड़ा और पशुओं के कारण सड़क पर दुर्घटनाएं होती हैं तो संबंधित पशुपालकों पर कार्रवाई होगी। आदेश के बाद भी मवेशी सड़कों पर ही बैठे हैं। और हादसों का शिकार हो रहे हैं।
इनका कहना है।
सांची जनपद क्षेत्र की कई ग्राम पंचायतों में गौशालाओं का निर्माण कार्य पूरा हो गया है। उसके बाद भी पशु सड़कों पर बैठे हैं। और हादसों का शिकार हो रहे हैं। इन सब का जिम्मेदार कौन है। सरकार आदेश दे रही है कि मवेशी सड़कों पर बैठे तो संबंधित पशु मालिक पर कार्रवाई होगी लेकिन कई हादसे होने के बाद भी कोई कार्रवाई आज तक नही हुई है।
मूलचंद यादव, पूर्व सरपंच ग्राम पंचायत सुनारी सलामतपुर।
भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे 18 और एनएच 146 पर मवेशियों के कारण दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं। सलामतपुर सहित आसपास क्षेत्रों में पुलिस द्वारा माइक से एनाउंसमेंट कराकर ग्रामीणों से बोल दिया जाए कि जिस किसी के भी ये मवेशी हैं इनको अपने घर में ही रखें। अन्यथा कार्रवाई की जाएगी। तभी मवेशी मालिक मानेगें। नही तो आए दिन इसी तरह हादसे होते रहेंगे।
कैलाश गोस्वामी, समाजसेवी रातातलाई सलामतपुर।
