कायमपुर गांव में तेंदुए ने किया गाय के बछड़े पर हमला बछड़े की मौत
अदनान खान सलामतपुर रायसेन। (एडिटर इन चीफ IND28 हर खबर पर पैनी नज़र)
जिले के सांची विकासखंड के अंतर्गत आने वाले ग्राम कायमपुर निवासी भूरा आदिवासी के गाय का बछड़ा जंगल में चरने के लिए गया था। सोमवार शाम लगभग 5:00 बजे के आसपास तेंदुए ने हमला कर दिया जिससे बछड़े की मौत हो गई। वही ग्रामीणों ने बताया की तेंदुआ गांव की कई मवेशियों को शिकार बन चुका है। रात के समय तेंदुए के डर से बच्चे बाहर नहीं जाते हैं। वहीं सांची जनपद क्षेत्र में पश्चिम रेंज के वन विभाग द्वारा ग्रामीणों को जंगल जाते समय सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है। विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाइश दी है कि जंगल में जाते समय कम से कम पाँच लोगों के समूह में जाएं। डिप्टी रेंजर सतीश श्रीवास्तव और डिप्टी रेंजर तारिक कमाल ने बताया कि जंगल में वन्यजीवों की सक्रियता बनी रहती है, इसलिए सतर्क रहना आवश्यक है। ग्रामीणों को गांव-गांव जाकर माइक से अनाउंसमेंट कर के सलाह दी गई है कि जंगल जाते समय आपस में बातचीत करते रहें ताकि किसी प्रकार के जानवर पास न आ सकें। साथ ही, जलाऊ लकड़ी या अन्य काम के लिए केवल उजाला होने के बाद ही जंगल में प्रवेश करने की बात भी कही गई है।
तेंदुआ अब तक 27 मवेशियों पर कर चुका हैं हमला--पश्चिम वन क्षेत्र के ग्राम कायमपुर, नरखेड़ा, कुल्हाड़िया और सत्ती गांव सहित आसपास क्षेत्र में तेंदुए के बढ़ते आतंक से ग्रामीण परेशान और भयभीत हैं। गांव में तेंदुआ लगातार मवेशियों को अपना शिकार बना रहा है। पिछले एक साल में तेंदुआ अब तक 27 मवेशियों पर हमला कर चुका है। कुछ दिन पूर्व भी एक ग्रामीण के घर के पीछे बंधे गाय के बछड़े पर तेंदुए ने हमला किया था। यह घटना रात करीब 2 बजे की थी। तेंदुए के हमले से बछड़ा गंभीर रूप से घायल हो गया था और जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करते हुए उसकी मौत हो गई थी। बताया कि एक साल पहले भी उनके एक अन्य बछड़े को तेंदुआ अपना शिकार बना चुका है। यह दूसरी बार था जब उनके मवेशी पर तेंदुआ ने हमला किया। गांव के लोग तेंदुए के डर से रातों में बाहर निकलने से डरते हैं। एक साल से तेंदुए के हमले की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं ।ग्रामीणों ने वन विभाग और प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की है ताकि उनकी सुरक्षा सुनिश्चित हो सके और मवेशियों को बचाया जा सके।
