-भोपाल विदिशा हाईवे पर सड़क के गड्ढे बन रहे हैं हादसों का सबब

अदनान खान सलामतपुर रायसेन। (एडिटर इन चीफ IND28 हर खबर पर पैनी नज़र)

सोमवार शाम करीब 6 बजे भोपाल-विदिशा स्टेट हाईवे 18 पर मुक्तापुर के पास एक सड़क हादसे में युवक घायल हो गया। सड़क किनारे लहूलुहान पड़े युवक को देखकर सरार पंचायत के सरपंच नरेश चौधरी ने तुरंत मदद का हाथ बढ़ाया।सूचना देने के बावजूद 108 और 112 एम्बुलेंस समय पर नहीं पहुंची, जिसके बाद सरपंच ने बिना देर किए अपनी कार से घायल युवक को सांची सिविल अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों द्वारा उसका उपचार किया जा रहा है।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवक भोपाल से विदिशा की ओर जा रहा था, लेकिन वह फिलहाल यह बताने की स्थिति में नहीं है कि हादसा कैसे हुआ। सरपंच नरेश चौधरी की इस मानवीय पहल की स्थानीय लोगों ने सराहना की है।

भोपाल विदिशा हाईवे पर सड़क के गड्ढे बन रहे हैं हादसों का सबब---भोपाल–विदिशा स्टेट हाईवे-18 पर इन दिनों जगह-जगह गड्ढों ने यात्रियों की परेशानी बढ़ा दी है। टोल टैक्स वसूले जाने के बावजूद सड़क की मरम्मत के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति की जाती है। गड्ढों को मिट्टी से भरने के बाद कुछ ही दिनों में वे दोबारा वैसे के वैसे हो जाते हैं। कुछ दिन पूर्व भी इन्हीं गड्ढों के कारण एक बड़ा हादसा हो गया था। जिसमें विदिशा निवासी युवक सैफुल्लाह अपनी बाइक से भोपाल से विदिशा की ओर जा रहे थे। तभी सड़क पर हुए गहरे गड्ढे में बाइक का संतुलन बिगड़ गया और वे गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए।हादसे में युवक के सिर पर चोट आई है, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज हेतु विदिशा रेफर किया गया था। स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे की बदहाल स्थिति आए दिन हादसों को दावत दे रही है, लेकिन जिम्मेदार विभाग द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है।

स्टेट हाइवे 18 को 4 लेन करने से तेज़ रफ़्तार पर लग सकता है अंकुश--भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे सड़क काफी छोटी है। इस इस मार्ग पर यातायात का अत्यधिक दवाब रहता है। जिसकी वजह से आए दिन बड़ी दुर्घटनाएं यहां पर घटित हो रही हैं। अभी कुछ दिन पूर्व ही विदिशा के 3 पत्रकार सड़क हादसे में अपनी जान गवां चुके हैं। अभी एक सप्ताह पहले ही हलाली डेम रोड पर एक कार चालक ने दो वाहनों को टक्कर मार दी थी। जिसमें दीवानगंज गांव के एक युवक की मौत भी हो गई थी। अब सलामतपुर के ग्रामीणों ने हाइवे को फ़ोर लेन करने की मांग की है। 

प्रतिदिन हाइवे से निकलती हैं तेज़ रफ़्तार लगभग 100 बसें---भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे 18 पर यातायात का अत्यधिक दबाब रहता है। यहां से प्रतिदिन लगभग सौ बसें निकलती हैं जो विदिशा, रीवा, टीकमगढ़,छतरपुर, सागर ,बीना ललितपुर , झाँसी  से इंदौर जाने वाली चार्टेड बसें तो अंधी रफ़्तार से चलती ही हैं। इसके साथ ही भोपाल से विदिशा चलने वाली बसें, डम्फर ईंट, ढोने बाली 407 , डीजल टेंकर अंधी रफ़्तार से चलते हैं। जिससे इस मार्ग पर आए दिन दुर्घटनाए होती रहती हैं। और यातायात विभाग इन वाहनों से सिर्फ चौध वसूली कर अपनी डियूटी पूरी कर लेता है। शासन प्रशासन को शीघ्र इस और ध्यान देकर समस्या का समाधान करना चाहिए।

इनका कहना है।

भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे पर यातायात का बहुत अधिक दबाब रहता है। कस्बे से भी इतनी अधिक संख्या में छोटे बड़े वाहन निकलते हैं कि रोड क्रॉस करने में ही 10 से 15 मिनिट तक खड़े रहना पड़ता है। हाइवे को फोर लेन करने से हादसों में कमी आ सकती है।

कालूराम मीणा, सरपंच ग्रा. पं.खोहा।

हाइवे 18 को 4 लेन करने से हादसों में कमी आ सकती है। सड़क छोटी होने की वजह से आए दिन हादसे होते रहते हैं। स्थानीय रहवासी शासन प्रशासन से हाइवे 18 को शीघ्र 4 लेंन करने की मांग कर रहे हैं।

रघुवीर सिंह मीणा, सरपंच ग्रा.पं. रातातलाई।

 

न्यूज़ सोर्स : अदनान खान एडिटर इन चीफ IND28