​अदनान खान सलामतपुर रायसेन। (एडिटर इन चीफ IND28 हर खबर पर पैनी नज़र)

सांची जनपद पंचायत और आसपास के ग्रामीण अंचलों में रातभर हुई मुसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। लगातार तेज बारिश के कारण क्षेत्र के नदी-नाले उफान पर आ गए हैं। विशेष रूप से मुश्काबाद और ग्राम सत्ती के बीच से गुजरने वाली घोड़ापछाड़ नदी का जलस्तर अचानक तेजी से बढ़ गया है। नदी का पानी अपने खतरे के निशान को पार करते हुए पुल से लगभग 8 फीट ऊपर बह रहा है। इसके चलते ग्राम सत्ती, मुश्काबाद सहित आसपास के करीब एक दर्जन गांवों का जिला मुख्यालय और मुख्य हाईवे से संपर्क पूरी तरह से टूट गया है। पुल पर तेज बहाव के कारण मार्ग पर यातायात पूरी तरह से ठप्प हो गया है, जिससे राहगीरों और ग्रामीणों को भारी आवाजाही संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

किसानों के चेहरे खिले, मानसून का पहला बड़ा उफान--क्षेत्र में पिछले लगभग 20 दिनों से बारिश न होने के कारण सूखा पड़ने और फसलों के सूखने का संकट मंडरा रहा था। इस जोरदार बारिश ने किसानों को बहुत बड़ी राहत पहुंचाई है। खेतों में पानी पहुंचने से किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। हालांकि, चालू मानसून सत्र में यह पहला मौका है जब इस क्षेत्र की प्रमुख नदियां और नाले इतने बड़े पैमाने पर उफान पर पहुंचे हैं।

प्रशासन की सख्त चेतावनी और अपील---घोड़ापछाड़ नदी के रौद्र रूप और उफनते पुल की स्थिति को देखते हुए स्थानीय प्रशासन पूरी तरह सतर्क मोड पर आ गया है। प्रशासन की ओर से आम जनता से निम्नलिखित सुरक्षा उपाय बरतने की अपील की गई है।उफनती नदी या नालों के पुल-पुलियों को पार करने का बिल्कुल भी प्रयास न करें।जलभराव और बाढ़ की संभावना वाले क्षेत्रों से तुरंत सुरक्षित स्थानों पर चले जाएं।बहते पानी के पास बच्चों और मवेशियों को जाने से रोकें। वहीं प्रशासनिक टीम लगातार प्रभावित क्षेत्रों और नदी के जलस्तर पर नजर बनाए हुए है। अधिकारियों का कहना है कि जलस्तर घटने के बाद ही यातायात को पुनः बहाल किया जाएगा। तब तक ग्रामीणों से धैर्य रखने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने का अनुरोध किया गया है।

न्यूज़ सोर्स : अदनान खान एडिटर इन चीफ IND28