भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा 1.23 करोड़ का बरजोरपुर जमुनिया ग्रेवल रोड, 6 महीने में भ्रष्टाचार की खुली पोल
-बीच सड़क पर बड़ी-बड़ी नालियां खुली छोड़ दी गईं, नही डाले सीमेंट पाइप
-आए दिन बाइक चालक फिसलकर हो रहे हैं घायल, ज़िम्मेदार नही दे रहे हैं ध्यान
-ग्रामीण बोले ज़िम्मेदार अधिकारियों पर हो कार्रवाई, नही तो करेंगे आंदोलन
अदनान खान सलामतपुर रायसेन। (एडिटर इन चीफ IND28 हर खबर पर पैनी नज़र)
सांची विकासखंड के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत सरार के ग्राम बरजोरपुर से जमुनिया तक बनाया गया करीब 3 किलोमीटर लंबा ग्रेवल रोड भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया है। आर.ई.एस विभाग की लापरवाही इतनी बड़ी है कि एक करोड़ 23 लाख रुपए की लागत से बनी यह सड़क मात्र छह महीने में जगह-जगह गड्ढों में तब्दील हो गई है।
सड़क पर गिट्टी डालकर काम अधूरा छोड़ दिया गया। नतीजा यह कि आए दिन बाइक चालक फिसलकर घायल हो रहे हैं। सबसे बड़ी लापरवाही यह रही कि बीच सड़क पर बड़ी-बड़ी नालियां छोड़ दी गईं, मगर उनमें सीमेंट पाइप तक नहीं डाले गए। इससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि सरकारी ठेकेदारों और विभाग की मिलीभगत से घटिया काम कराया गया, जिससे जनता की गाढ़ी कमाई पानी में चली गई। विकास के नाम पर किया गया यह मजाक अब लोगों के लिए परेशानी का सबब बन गया है। सरकारी तंत्र की उदासीनता और भ्रष्टाचार ने ग्रामीणों की जान खतरे में डाल दी है।
इनका कहना है।
बरजोरपुर से जमुनिया गांव तक बनाए गए ग्रेवल रोड की लागत लगभग 1 करोड़ 23 लाख रुपए आई है। आपके द्वारा यह बताया गया है कि रोड जगह जगह से खराब हो गया है तो में इसकी जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों को देकर मामले की जांच कराई जाएगी।
नरेश कुमार चौधरी, सरपंच ग्राम पंचायत सरार।
6 महीने के अंदर ही 3 किलोमीटर लंबी सड़क की हालत खस्ता हो गई है। पूरे रोड पर गहरे गहरे गड्ढे हो गए हैं। गाड़ी निकालने में बहुत दिक्कत हो रही है। रोड निर्माण एजेंसी पर कार्रवाई होना चाहिये।
फूल सिंह, स्थानीय ग्रामीण।
