राम मंदिर पर केजरीवाल का निशाना, बोले- ढाई साल में क्यों नहीं गए अमित शाह?
जम्मू: देश के राजनीतिक गलियारों में इन दिनों 'कॉकरोच जनता पार्टी' को लेकर छिड़ी बहस थामने का नाम नहीं ले रही है। इस अजीबोगरीब मुद्दे पर सियासत इतनी गरमा गई है कि बयानों और पलटवार का दौर तेज हो गया है। हाल ही में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र रैना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद बड़ा राजनीतिक बवाल खड़ा हो गया, जिसके बाद उन्हें खुद इस पर सफाई पेश करनी पड़ी। इस पूरे मामले को लेकर जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी ने रवींद्र रैना के साथ-साथ पूरी भाजपा को आड़े हाथों लिया है।
वीडियो पर मचा सियासी घमासान
यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र रैना ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक वीडियो साझा किया। इस वीडियो में वह अपने हाथ में एक कॉकरोच पकड़े नजर आ रहे थे और बैकग्राउंड में 'मार दिया जाए या छोड़ दिया जाए' गाना बज रहा था। इस वीडियो के सामने आते ही विपक्ष ने इसे मुद्दा बना लिया और इसे असंवेदनशील व गैर-जिम्मेदाराना हरकत करार दिया। बढ़ते विवाद को देखकर रैना को इस पर स्पष्टीकरण भी देना पड़ा, लेकिन तब तक उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी ने इसे लपकते हुए भाजपा की कार्यशैली पर तीखे सवाल दाग दिए।
राम मंदिर और अमित शाह पर केजरीवाल का हमला
इसी बीच, आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भी भाजपा को घेरते हुए एक बड़ा दावा किया है। केजरीवाल ने आरोप लगाया कि पिछले 891 दिनों के भीतर भाजपा नेताओं ने अपने भाषणों और साक्षात्कारों में 42 से ज्यादा बार राम मंदिर का जिक्र किया है। उन्होंने सीधे तौर पर गृहमंत्री अमित शाह पर निशाना साधते हुए कहा कि देश के गृहमंत्री के पास भगवान श्रीराम और राम मंदिर के नाम पर वोट मांगने का तो पूरा समय है, लेकिन उनके पास अयोध्या जाकर भगवान रामलला का आशीर्वाद लेने का वक्त नहीं है। केजरीवाल ने भाजपा पर आस्था के नाम पर केवल राजनीति करने का आरोप लगाया।
एसआईटी जांच को बताया दिखावा
राम मंदिर के मुद्दे के साथ-साथ अरविंद केजरीवाल ने एक मामले में चल रही एसआईटी (SIT) जांच को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि यह पूरी एसआईटी जांच महज एक दिखावा है और दर्ज की गई एफआईआर पूरी तरह फर्जी है। केजरीवाल का आरोप है कि इस जांच के जरिए असली गुनहगारों को बचाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर किन वजहों से असली दोषियों को संरक्षण दिया जा रहा है? इसके साथ ही केजरीवाल ने एलान किया कि वह एसआईटी जांच की हकीकत को सामने लाने के लिए कल एक और प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे, जिसमें कई बड़े खुलासे किए जाएंगे।

हाथों में चप्पल, कंधे पर बस्ता... कीचड़ में चलता बचपन! क्या ऐसे पढ़ेगा इंडिया?
गीदगढ़ गांव में बिजली आंधी-तूफान का कहर: 150 साल पुराना पेड़ घर पर गिरा, बुजुर्ग घायल, मकान क्षतिग्रस्त
सेफ क्लिक 2.0’ अभियान के तहत सहकारी विपणन केंद्र पर साईबर पाठशाला का आयोजन, बड़ी संख्या में जुटे ग्रामीण
अंबाडी में पुलिया का निकास बंद होने से 15 घरों में घुसा बारिश का पानी, ग्रामीणों ने सरपंच से लगाई गुहार
राशिफल 05 जुलाई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
जश्न में फायरिंग पड़ी भारी, बिहार में BJP विधायक को कोर्ट ने सुनाई सजा