अदनान खान सलामतपुर रायसेन। (एडिटर इन चीफ IND28 हर खबर पर पैनी नज़र)

​सलामतपुर में भोपाल-विदिशा स्टेट हाईवे 18 पर रविवार रात एक बड़ा हादसा होने से टल गया। रेलवे ओवरब्रिज आरओबी के पास तेज रफ्तार स्विफ्ट कार अनियंत्रित होकर सड़क से करीब 15 फीट नीचे खाई में जा गिरी। दुर्घटना इतनी भीषण थी कि कार दो से तीन बार पलटी खाते हुए पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई, लेकिन गनीमत यह रही कि कार चला रहे युवक को खरोंच तक नहीं आई।

ट्रक की तेज रोशनी से बिगड़ा संतुलन---प्राप्त जानकारी के अनुसार संदीप धाकड़ अपनी स्विफ्ट कार एमपी04 वाईएस 4847 से रायसेन से गीदगढ़ गांव जा रहे थे। शनिवार रविवार रात करीब 12 बजे जैसे ही वह सलामतपुर आरओबी के पास पहुंचे, सामने से आ रहे एक भारी ट्रक की हाई-बीम सफेद एलईडी लाइट सीधे उनकी आंखों पर पड़ी। रोशनी इतनी तीव्र थी कि चालक को कुछ सेकंड के लिए सड़क पर देखना पूरी तरह बंद हो गया। वाहन पर से नियंत्रण छूटने के कारण तेज रफ्तार कार लहराते हुए सड़क किनारे 15 फीट गहरी खाई में जा गिरी। हादसे की खबर मिलते ही आसपास के लोगों की भीड़ मौके पर जमा हो गई। संदीप को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिसे ग्रामीण चमत्कार मान रहे हैं।

क्रेन से कार निकालते समय हाईवे पर लगा आधे घंटे का जाम--

घटना के बाद कार रातभर खाई में फंसी रही। रविवार सुबह करीब 9 बजे कार को निकालने के लिए क्रेन बुलाई गई। क्रेन के हाईवे पर खड़े होकर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाने के कारण भोपाल-विदिशा स्टेट हाईवे 18 पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। लगभग 30 मिनट तक चले इस कार्य के दौरान हाईवे पर दोनों ओर (भोपाल से विदिशा और विदिशा से भोपाल) वाहनों की लंबी-लंबी कतारें लग गईं। सुबह के समय यात्रियों और दैनिक यात्रियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। क्रेन द्वारा क्षतिग्रस्त कार को खाई से बाहर निकाले जाने के बाद पुलिस व स्थानीय लोगों की मदद से यातायात बहाल कराया जा सका।

हाईवे पर 'ब्लाइंड स्पॉट' बना रहीं सफेद लाइटें--ग्रामीणों का कहना है कि रात के समय भोपाल विदिशा स्टेट हाइवे 18 और नेशनल हाइवे 146 पर सफर करना सबसे ज्यादा जोखिम भरा हो गया है। जब सामने से आ रही कार, भारी बस या ट्रक की हाई-बीम सफेद एलईडी लाइट सीधे आंखों पर पड़ती है, तो चालक को कुछ सेकंड के लिए सामने का कुछ भी दिखाई नहीं देता। ​सलामतपुर और दीवानगंज के वाहन चालकों ने बताया कि सामने से आ रहे वाहनों की सफेद लाइट इतनी तेज होती है कि हमारी आंखों के आगे पूरी तरह अंधेरा छा जाता है। जब तक आंखें सामान्य होती हैं, तब तक वाहन अनियंत्रित हो जाता है। इसके कारण दोपहिया वाहन चालक सबसे ज्यादा सड़कों से नीचे उतरकर गिर रहे हैं।"

नेत्र रोग विशेषज्ञों की चेतावनी: आंखों के रेटिना को पहुंच रहा नुकसान--इस मामले में स्वास्थ्य विशेषज्ञों का भी मानना है कि सफेद एलईडी लाइटों से निकलने वाली 'ब्लू रेज' और अत्यधिक ल्यूमेन की रोशनी इंसानी आंखों के लिए बेहद हानिकारक है। रात के समय जब आंखें अंधेरे के अनुकूल होती हैं, तब अचानक इस तेज रोशनी के संपर्क में आने से आंखों के रेटिना को भारी नुकसान पहुंचता है।​लगातार इस स्थिति का सामना करने वाले चालकों में ड्राई आई (आंखों का सूखापन), सिरदर्द, आंखों में जलन और समय से पहले रोशनी कम होने जैसी गंभीर बीमारियां देखने को मिल रही हैं।

इनका कहना है।

स्थानीय निवासिय फ़ैज़ जाफरी, कैलाश गोस्वामी, कपिल साहू, दीपक अहिरवार और हसन मंसूरी ने प्रशासन और यातायात पुलिस से मांग की है कि हाईवे पर अवैध और अत्यधिक तेज रोशनी वाली लाइटों का उपयोग करने वाले वाहनों के खिलाफ सख्त चेकिंग अभियान चलाकर दंडात्मक कार्रवाई की जाए।

न्यूज़ सोर्स : अदनान खान एडिटर इन चीफ IND28